उच्च न्यायालय अधिवक्ता को थाना देवा दीवान द्वारा धमकी दी गई

उच्च न्यायालय अधिवक्ता को थाना देवा दीवान द्वारा धमकी दी गई अधिवक्ता को आशंका है कि दीवान एवं थानाध्यक्ष करवा सकते हैं अधिवक्ता की हत्या:-

अधिवक्ता हाई कोर्ट लखनऊ और आरटीआई कार्यकर्ता कृष्ण गोपाल यादव ने बताया कि दिनांक 10/ 10/2020 को थाना देवा के दीवान अनिल कुमार सिंह ने थानाध्यक्ष की मौजूदगी में आरटीआई कार्यकर्ता एवं हाईकोर्ट लखनऊ के अधिवक्ता कृष्ण गोपाल यादव को जन सूचना मांगने पर दीवान अनिल कुमार सिंह द्वारा अधिवक्ता को सूचना मांगना बंद करने को कहा, ऐसा न करने पर कैरियर खराब करने की धमकी दी झूठे मुकदमे में फंसाने और झूठे मुकदमे दर्ज करने की धमकी दी, और कहा कि किसी भी प्रकार का वेरिफिकेशन थाने से तुम्हारा नहीं किया जाएगा और कैरियर खराब कर दिया जाएगा.

अधिवक्ता के बताए अनुसार अधिवक्ता ने आशंका जाहिर किया कि देवा थानाअध्यक्ष एवं दीवान अनिल कुमार सिंह दो चार मुकदमे लगा कर गैंगेस्टर लगाकर अधिवक्ता कृष्ण गोपाल यादव का एनकाउंटर एवं हत्या भी करवा सकते हैं अधिवक्ता ने 13/10 /2020 को उचित कार्यवाही हेतु श्रीमान जिलाधिकारी एवं श्रीमान पुलिस अधीक्षक बाराबंकी को द्वारा रजिस्टर्ड डाक से अपनी सुरक्षा एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु शिकायती पत्र दिया है अधिवक्ता ने बताया कि कुछ ट्वीट किए थे जिस पर बाराबंकी पुलिस ने क्षेत्राधिकारी नगर द्वारा जांच की जा रही है यह सूचित किया था।

अधिवक्ता का यह कहना है यदि तत्काल कार्यवाही नहीं हुई तो थाना दीवान एवं थानाअध्यक्ष अधिवक्ता की हत्या भी करवा सकते हैं अधिवक्ता ने शंका जाहिर किया और अपना दर्द बताया कहा जन सूचना मांगना अपराध है क्या?

संवैधानिक अधिकार है कानून के जानकार के साथ देवा दीवान एवं थानाध्यक्ष का बर्ताव बहुत ही शर्मनाक है। तो और आम लोगों के साथ देवा पुलिस क्या करती होगी अधिवक्ता ने दिनांक 27 /10/2020 को अपनी सुरक्षा और दीवान पर कार्यवाही की मांग शिकायती पत्र श्रीमान पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश एवं श्रीमान पुलिस अधीक्षक बाराबंकी को दिया है. जिसमें आरटीआई आवेदकों की सुरक्षा के लिए माननीय आयोग के पत्र पर प्रमुख सचिव 8/3 /2016 को शासनादेश जारी किया था जिसमें कहा था कि आरटीआई कार्यकर्ताओं की सुरक्षा करें प्रशासन और पुलिस अब यहां तो पुलिस ही कानून की दुश्मन बनी हुई है.

जब पुलिस ही ऐसा करेगी तो आम लोग कहां जाएंगे वह भी हाईकोर्ट के अधिवक्ता के साथ दीवान और थानाध्यक्ष क्या चाहते हैं की जन सूचना अधिकार अधिनियम 2005 को खत्म कर दिया जाए अधिवक्ता ने बताया कि पुलिस की गुंडागर्दी से बहुत डरा हुआ है तत्काल उच्च अधिकारियों को कार्यवाही करनी चाहिए अधिवक्ता ने कहा कि इस मामले की मजिस्ट्रियल जांच हो!

जिससे प्रार्थी को न्याय मिल सके अधिवक्ता ने कहा यदि उसके ऊपर आक्रमण या झूठे मुकदमे या हत्या करवाने की कोशिश या हत्या होती है तो उस पर या उसके परिवार पर किसी भी प्रकार का हमला होता है तो उसके पूर्ण रूप से जिम्मेदार थाना दीवान अनिल कुमार सिंह एवं थानाअध्यक्ष प्रेम प्रकाश शर्मा होंगे।

निवेदन
कृष्ण गोपाल यादव
एडवोकेट हाई कोर्ट लखनऊ।
निवासी ग्राम रामपुर पोस्ट रसूलपुर थाना देवा जिला बाराबंकी। 225301
मो. 96704 39100

जिलाधिकारी मो 9454417540 बाराबंकी।
2-पुलिस अधीक्षक मो +919454400251 बाराबंकी
3-पुलिस अधीक्षक pro mo. +919454457677
4-थानाध्यक्ष देवा प्रेम प्रकाश शर्मा मो. +919454403060 barabanki